
लखनऊ। मंदबुद्धि नाबालिग के साथ दुश्कर्म एवं उसका गर्भपात करने वाले बुजुर्ग अभियुक्त को विशेष न्यायायल पोक्सो प्रथम कोर्ट ने 10 वर्ष का कठोर कारावास एवं 25 हजार रूपये का जुर्माना लगाया है।
मातादीन (60) पुत्र बेचालाल निवासी मोहनलालगंज को एस0जे0एम0 मोहम्मद कमरूज्जमा खान अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, विशेष न्यायाधीश, पाक्सो एक्ट, लखनऊ द्वारा मुकदमा अपराध संख्या 656/2016 को धारा 376(2) (झ), 315 भा.दं.सं. व 5/6 पाक्सो एक्ट में 10 वर्ष का कठोर कारावास एवं 25 हजार रूपये का अर्थदण्ड लगाया है। वहीं अर्थदण्ड न अदा करने पर दोषी को तीन माह अतिरिक्त साधारण कारावास भोगना पड़ेगा। विदित हो कि अभियुक्त द्वारा एक मासूम मंधबुद्धि नाबालिग को बहला फूसला कर कई बार शारिरिक सम्बंध बनाया एवं किशोरी को विश्वास दिलाया की उसे कुछ नहीं होगा। वह उसके साथ शादी करेगा। इस बीच युवती गर्भवती हो गयी। किशोरी जब 6 से 7 माह की गर्भ से हो गयी उसके बावजूद भी मातादीन उसके साथ दुष्कर्म एवं यौनशोषण करता रहा। 14 अप्रैल 2016 को मातादीन ने युवती को धोखे दवा खिला दिया। जिससे युवती का गर्भपात हो गया। अभियोजन पक्ष से एडवोकेट अभिषेक उपाध्याय, एडवोकेट अरूण कुमार द्वारा साक्ष्य संकलन कर विशेष प्रयास के बाद अभियुक्त को सजा दिलवाने में कामयाबी मिली।



