रानी लक्ष्मीबाई अस्पताल में दलालों का नेटवर्क सक्रिय, मरीजों पर चश्मा खरीदने का दबाव

लखनऊ। रानी लक्ष्मीबाई अस्पताल में इन दिनों आंख के विभाग के बाहर संदिग्ध गतिविधियां चर्चा का विषय बनी हुई हैं। यहां डॉक्टर के पास आने वाले मरीजों को कथित रूप से दलालों द्वारा निशाना बनाया जा रहा है।
मरीजों का आरोप है कि जांच के बाद कुछ लोग उन्हें खास दुकानों से चश्मा खरीदने के लिए दबाव बनाते हैं। इतना ही नहीं, कुछ मामलों में मरीजों के हाथ पर पेन से दुकान का नाम तक लिख दिया जाता है, ताकि वे सीधे उसी दुकान पर जाएं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह दलाली का खेल लंबे समय से चल रहा है और इसमें मरीजों को “बेहतर क्वालिटी” और “सस्ते दाम” का झांसा देकर आर्थिक रूप से नुकसान पहुंचाया जाता है। कई मरीजों ने यह भी आरोप लगाया कि उन्हें बाहर मौजूद एजेंटों द्वारा भ्रमित कर निजी दुकानों की ओर मोड़ा जाता है।
सूत्रों के अनुसार, इस पूरे नेटवर्क में कुछ लोगों की मिलीभगत की आशंका जताई जा रही है, जिससे अस्पताल परिसर के बाहर दलालों का जमावड़ा लगा रहता है।
प्रशासन पर उठे सवाल
इस मामले ने अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मरीजों और उनके परिजनों की मांग है कि इस तरह की गतिविधियों पर तत्काल रोक लगाई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो।
जांच की मांग तेज
जनता और सामाजिक संगठनों ने स्वास्थ्य विभाग से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है, ताकि मरीजों का भरोसा बना रहे और सरकारी अस्पतालों की छवि खराब न हो।



