लखनऊ: फर्जी दस्तावेज बनाकर मकान की रजिस्ट्री करने वाले दो शातिर गिरफ्तार

लखनऊ: Lucknow में थाना वजीरगंज पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस टीम ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर मकान की बिक्री (विक्रय विलेख) करने वाले दो शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, प्रभातपुरम आलमनगर निवासी सेवानिवृत्त उपनिरीक्षक बाबूराम की तहरीर पर मामला दर्ज किया गया था। आरोप था कि कुछ लोगों ने खुद को मकान का मालिक बताकर फर्जी कागजात तैयार किए और मकान की रजिस्ट्री कर दी। इस संबंध में थाना वजीरगंज में गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि “फर्जी बाबूराम” बनकर धोखाधड़ी करने वाला असल में दयानन्द पाण्डेय है। इसके साथ राजकमल सिंह भी इस फर्जीवाड़े में शामिल था।
पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर दोनों अभियुक्तों को शहीद स्मारक पार्क के पास से गिरफ्तार कर लिया।
बरामदगी
गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से पुलिस ने कई अहम दस्तावेज और सामान बरामद किए हैं, जिनमें—
- 5 एटीएम कार्ड
- 2 आधार कार्ड
- 2 पैन कार्ड
- 1 ड्राइविंग लाइसेंस
- 1 वोटर आईडी
- 3 मोबाइल फोन
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी फर्जी पहचान बनाकर जमीन और मकान की रजिस्ट्री कर अवैध लाभ कमाते थे। गिरफ्तार अभियुक्तों के खिलाफ आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
इस पूरी कार्रवाई को थाना वजीरगंज की पुलिस टीम ने अंजाम दिया, जिसमें प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार त्रिपाठी के नेतृत्व में टीम लगातार दबिश देकर आरोपियों तक पहुंची।
यह मामला शहर में बढ़ते प्रॉपर्टी फ्रॉड के मामलों पर एक बड़ा खुलासा माना जा रहा है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।


