ट्रैक्टर ट्रॉली बनी काल, दो बड़े हादसों में गई 35 लोगों की जान

लखनऊ। यूपी के दो बड़े सड़क हादसों ने 35 लोगों की जान ले ली। बीते कुछ दिनों पहले इटौंजा थाना क्षेत्र में हुए सड़क हादसे में 11 लोगों की मौत हो गई थी। वही शनिवार की रात कानपुर में सड़क हादसे के दौरान 25 लोगों की मौत हो गई। दोनों हादसे का एक ही कारण बताया जा रहा है। बताते चलें कि दोनों हादसों में ट्रैक्टर ट्रॉली पर आवश्यकता से अधिक लोग सवार थे। ट्रैक्टर ट्रॉली पलटने से भारी संख्या में लोगों की मौत हुई। वही इस संबंध समाजसेवियों का कहना है कि ऐसे ट्रैक्टर ट्रॉली ऊपर सवारियों को बैठाना अपराध की श्रेणी में आना चाहिए। जिससे ट्रैक्टर ट्रॉली पर सवारी बैठाने वालों के दिलों में डर बना रहे। प्रशासन की माने तो मां चंद्रिका देवी के दर्शन कर रहे लौट रहे श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर ट्राली पलटने से मौके पर 25 लोगों की मौत हो गई। वही 30 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को इलाज के लिए हैलट अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वही मृतकों के संबंध में पुलिस जानकारियां जुटाने में जुटी हुई है।
कृषि योग कार्य में आने वाले ट्रैक्टर ट्रॉली का सवारी ढोने में किया जाता है प्रयोग
समाजसेवियों की माने तो कृषि कार्य में उपयोग किए जाने वाले ट्रैक्टर ट्रॉली का कुछ लोग सवारी ढोने के कार्य में उपयोग करते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में सवारी गाड़ी कम होने के कारण लोग ट्रैक्टर ट्रॉली को ही सवारी गाड़ी के रूप में उपयोग करते हैं। किसी भी मांगलिक कार्यक्रम में ट्रैक्टर ट्रॉली पर चटाई या पैरा फैलाकर आवश्यकता से अधिक संख्या में लोगों को बैठा लेते हैं। यह संख्या 40 से 50 के बीच में हो जाती है जो किसी भी धार्मिक स्थल व मांगलिक कार्य में लोगों को लेकर चल देते हैं। जिसका नतीजा हादसा होने पर एक ही परिवार के कई लोग काल के गाल में समा जाते हैं। ऐसी सवारियां ढोने वाली ट्रैक्टर ट्रॉली ऊपर प्रतिबंध लगाने की आवश्यकता है। ताकि ऐसे बड़े हादसे होने पर रोक लगाया जा सके। घटना के बाद से बचाव व राहत दल मौके पर पहुंचकर घायलों को इलाज के लिए आसपास के नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे पर जताया शोक
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कानपुर हादसे में हुई जनहानि पर गहरा दुख प्रकट करते हुए हादसे में जान गंवाने वाले लोगों की आत्मा की शांति की कामना की है। उन्होंने जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों को तत्काल मौके पर पहुंचकर राहत कार्य करने के लिए निर्देश दिए हैं। मंत्री राकेश सचान को भी मौके पर रवाना कर दिया गया है। घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाकर समुचित उपचार कराया जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मृतकों के आश्रितों को दो-दो लाख रुपए और घायलों को 50-50 हजार रुपए की आर्थिक सहायता का ऐलान किया है. प्रधानमंत्री ने भी मृतकों और घायलों के लिए मुआवजे की राशि की घोषणा की है।



