पारा : मानक विहिन चल रहे है प्राइवेट विद्यालय

लखनऊ। पारा क्षेत्र में दर्जनों प्राइवेट विद्यालय मानक विहिन चल रहे है। उन विद्यालयों में कोविड प्रोटोकॉल का पालन भी नहीं किया जा रहा है। कुछ विद्यालय तो पांच कमरों के मकान में ही चल रहे है। वहीं कुछ प्राइवेट विद्यालयों में तो पार्किंग की व्यवस्था भी नहीं है। उसके बावजूद भी शिक्षा विभाग ने मानकों की अनदेखी करते हुए विद्यालय को मान्यता प्रदान कर रखा है। लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों का ध्यान इस ओर नहीं जा रहा है।
कोरोना के बाद अब ओमीक्रोन नामक बीमारी धीरे-धीरे पूरे विश्व को अपनी गिरफ्त में ले रहा है। शनिवार को राजधानी में 40 कोरोना के मरीज मिले है। उसके बावजूद भी प्राइवेट विद्यालयों में पठन-पाठन का कार्य चल रहा है। जिसमें मानकों की अनदेखी की जा रही है। ठंड बढऩे के कारण अधिकतर बच्चों में शर्दी जुखाम के लक्षण पाये जा रहे है। जिसके चलते एक से दूसरे बच्चों में शर्दी जुखाम फैलने का खतरा बरकरार है। प्राइवेट विद्यालय मोटी फीस के कारण मानकों को अनदेखी कर रहे है। जिसके चलते बच्चों का भविष्य व जान दोनों ही खतरे में है। लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों का ध्यान इस ओर नहीं जा रहा है। राजधानी में ओमीक्रोन एवं कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ रही है। राजाजीपुरम में कई कोरोना के मरीज मिले भी है। कोरोना के चलते पूरे विश्व में लाखों लोगों को अपनी जान गवानी पड़ी। रुपयों के लालच ने प्राइवेट विद्यायल के संचालकों को अंधा बना दिया है। जो मानकों के विहिन विद्यालय का संचालन कर रहे है। साथ ही बच्चों एवं उनकी जान से खिलवाड़ कर रहे है। इन विद्यालयों में पार्किंग, फायर उपकरण, पानी पीने की उचित व्यवस्था, हवादार कमरे, प्ले ग्राउण्ड की भी उचित व्यवस्था नहीं है। लेकिन मानक विहिन होने के बावजूद भी यह विद्यालय धड़ल्ले से क्षेत्र में संचालित है। इस सम्बंध में बेसिक शिक्षा अधिकारी का कहना है कि ऐसे विद्यालयों के खिलाफ टीम गठित कर कार्यवाही की जायेगी।



