
लखनऊ। काकोरी के शिवरी गांव में अवैध रूप से लगभग डेढ़ वर्षों से तारपीन तेल का कारोबार चल रहा था। जहां शुक्रवार को आग लगने से हड़कम्प मच गया। दमकल की तीन गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। इस घटना में दो मोटरसाइकिल भी जलकर राख हो गयी। पुलिस ने कमलेश की तहरीर पर मामले की छानबीन शुरू कर दी है।
विविद हो कि शिवरी कुड़ा प्लान्ट के पास लोखड़ियां खेड़ा गांव में एक अवैध रूप से तारपीन तेल की फैक्ट्री चल रही थी। जहां शुक्रवार को ट्रैंकर नम्बर जीजे 12 बीएक्स 5100 ज्वलनसील कैमिकल लेकर बाहदुरगढ़ से लोखड़ियां खेड़ा पहुंचा था। जहां कैमिकल उतारते समय संदिग्ध हालात में आग लग गयी। आग लगते ही कर्मचारियों ने आनन-फानन में ट्रैंकर से पाइप निकाल कर आग पर काबू पाने का प्यास किया। इस बीच ड्राइवर जयप्रकाश ने सुझबुझ दिखाते हुए दीवार तोड़ते हुए ट्रैंकर को आग से 800 मीटर दूर ले जाकर खड़ा किया। इस दौरान ट्रैंकर भी आग की चपेट में आ गया, लेकिन समय रहते आग पर काबू पा लिया गया। आग ने कुछ ही देर में विकराल रूप ले लिया। फैक्ट्री में पहले से रखे तारपीन का तेल के ट्रम भी पूरी तरह से जल गये।
गोदाम के बाहर खड़ी दो मोटर साइकिलें भी जलकर राख हो गयी। पुलिस के अनुसार जहीर पुत्र स्व. पीरगुलाम निवासी सी-ब्लाक राजाजीपुरम ने यह मकान किराये पर विनोद कुमार सिंह को दिया था। जो अवैध रूप से तारपीन तेल का करोबार रहा था। आग को बुझाने के लिए फायर की चौक से दो गाड़ी एवं सरोजनीनगर से एक गाड़ी मौके पर पहुंची थी। मौके पर पहुंचे फायर अधिकारी पुष्पेन्द्र कुमार यादव ने बताया कि आग से हुए नुकशान का जायजा लिया गया है। पड़ोस में रहने वाले कमलेश के घर में अनाज एवं भूसा जला है। साथ ही उसकी मोटर साइकिल भी जलकर राख हो गयी है। दूसरी मोटरसाइकिल के मालिक का पता नहीं चल पाया है। यह है कि समय रहते हुए आग पर काबू पा लिया गया अन्यथा स्थिति और भी भयावह हो सकती थी। काकोरी इंस्पेक्टर का कहना है कि ट्रैंकर व उसके चालक को कब्जे में ले लिया गया है। कमलेश की तहरीर अग्रिम कार्रवाई की जा रही है।



