
डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय बना अखाड़ा
लखनऊ। डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय मौजूदा समय में अखाड़ा बना हुआ है। कालेज परिसर में छात्रों के बवाल के चलते दिव्यांग छात्र-छात्राएं डरे सहमे रहते हैं। गुरुवार को दो छात्र आपस में भिड़ गए। घायल छात्र द्वारा घटना की जानकारी पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत कराया और घायलों को इलाज के लिए पास के अस्पताल में भर्ती कराया। मिली जानकारी अनुसार इस घटना में दो छात्रों के सिर फूटे है। वहीं छात्रों का आरोप है कि उन्हें भगवान ने दिव्यांग बनाया है। साथ उन्हें कालेज प्रशासन के लापरवाही के चलते मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ता है। शिकायतों के बाजवूद कुलपति प्रो. राणा कृष्ण पाल सिंह ने ध्यान नहीं दिया।
एलएलबी के छात्र मयंक कुमार, अनिरुद्ध वर्मा, मुकेश कुमार का आरोप है कि वह लोग अपनी मांग को लेकर जब धरना प्रदर्शन करते हैं तो विश्वविद्यालय के ही कुछ अधिकारी इस तरह का बवाल करवा देते हैं। जिसके चलते आए दिन दूसरे छात्र जिनके समर्थन में अधिकारी रहते हैं वह बवाल करते रहते हैं।
आरोप है कि छात्रों ने कॉलेज के भीतर घुसकर मारपीट की और तोड़फोड़ की है। तीन दिनों से एलएलबी के कुछ छात्रा पानी और खराब खाने को लेकर शांतिपूर्वक विरोध कर रहे थे। तभी छात्रों के एक गुट ने उनपर लाठी डंडों से हमला किया। इसमें एक छात्रा शेफाली यादव का सिर पर गम्भीर चोट आयी है। छात्रों का आरोप है कि मारपीट करने वाले छात्र प्रणव, आशुतोष, विज्ञान, गौरव है।
हॉस्टलों में मेस की व्यवस्था है गड़बड़
छात्रों का आरोप है लगातार आवाज उठाने के बाद भी हॉस्टल की व्यवस्था में सुधार नहीं किया जाता। इससे पहले टॉयलेट और पानी को लेकर भी बवाल हो चुका है। जबकि इस संबंध में राज्यपाल ने भी दीक्षांत समारोह के दौरान छात्रों की सुविधाओं को ध्यान रखने के लिए कहा था। उसके बावजूद भी हास्टल की व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया। वहीं इस सम्बंध में पारा इंस्पेक्टर श्रीकांत राय से बताया कि इस सम्बंध में कोई विधिक कार्रवाई नहीं की गयी है।



