KGMU : तीमारदारों को बाउंसरों ने जमकर पीटा, आधे घंटे तक तड़पता रहा मरीज

लखनऊ । केजीएमयू के लारी कॉर्ड बोल विभाग में नागरिकों की जान डॉक्टर से ज्यादा बाउंसर के भरोसे हैं। लारी कॉर्ड बोल विभाग में सोमवार रात ऐसे ही एक मामले में मरीज की जान पर बन गया, बाउंसरों ने मरीज और तीमारदारों को अंदर जाने से रोक लिया और अभद्रता करने लगे। इस दौरान बाउंसरों ने तीमारदारों को जमकर पीटा। सोशल मीडिया पर मैसेज वायरल होने के बाद घटनास्थल पर पुलिस भी पहुंचती है। वहीं केजीएमयू प्रशासन ने इसके लिए सुरक्षा और जमा का हवाला दिया।
सीतापुर निवासी किशन को गंभीर समस्या होने पर सोमवार रात सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया। जांच के बाद हार्ट अटैक की आशंका के कारण। इसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें लारी रेफर किया। उनकी हालत गंभीर थी, पर गेट पर खड़े बाउंसरों ने उन्हें अंदर जाने से रोक दिया। बाउंसरों का कहना था कि नंबर आने पर ही उन्हें अंदर जाने दिया जाएगा। वहीं परिजन मरीज की हालत गंभीर होने की बात कहते हुए अंदर जाने की बात कह रहे थे। इसके बाद मामला और बढ़ गया। बाउंसर की बात सुनने को तैयार नहीं थे। इसके बाद परिवार वालों ने पुलिस को फोन कर दिया। पुलिस स्पॉट पर आई पर उसकी भी विशेष सुनवाई नहीं हुई। इस दौरान करीब आधे घंटे तक मरीज तड़पता रहा। इसके बाद उसे इमरजेंसी में ले जाया गया। मरीज के परिजन प्रवीण के अनुसार किशन की हालत में कोई सुधार नहीं है।
लिखित शिकायत पर कार्रवाई
लारी कार्डियोलाजी विभाग में कई बार नागरिकों के तीमारदारों द्वारा अभद्रता और यादों की घटनाएं धुंधली हो जाती हैं। इसे देखते हुए वहां पर बाउंसर प्रतिबंधित किए गए हैं। अगर बाउंसर ने अभद्रता की है तो उनकी शिकायत लिखित रूप में जानी जानी चाहिए। जांच के बाद उस पर कार्रवाई की जाएगी।
प्रो. सुधीर सिंह, प्रवक्ता केजीएमयू



